क्या भाजपा दोहराएगी बिहार वाला सीन?
मुंबई के अंटीलिया प्रकरण में एक के बाद एक नया मोड़ आ रहा है, जिससे महाराष्ट्र सरकार की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं और इन मुश्किलों से शिवसेना-एनसीपी के बीच दूरी बढ़ने की पूर्ण आशंका हैं लेकिन इस विवाद का सीधा फायदा अगर किसी को होगा तो वो है भाजपा। बहरहाल नया मामला पुलिस आयुक्त पद से हटाए गए परमबीर सिंह से जुड़ा है, जिन्होंने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को पत्र लिखकर सनसनीखेज राज खोले हैं। उन्होंने परमबीर सिंह पर आरोप लगाए है कि महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख पुलिस अधिकारियों से हर महीने 100 करोड़ रुपये की वसूली करवाना चाहते थे व इतना ही नहीं, पत्र में उन्होंने ये भी लिखा है कि देशमुख अधिकारियों को घर बुलाकर वसूली के गुर भी सिखाते थे। वहीं, देशमुख ने इन आरोपों को झूठा बताया है और जांच से बचने के लिए इसे नया पैंतरा करार दिया है एंव अनिल देशमुख ने इस पर बोला है कि मैं परमबीर सिंह के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कराऊंगा। उल्लेखनीय है कि इस चिट्ठी के कारण उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली सरकार मुश्किल में आ गई है क्योंकि उद्धव ठाकरे को भेजे गए आठ पेज के लेटर का असर सीधे मुकेश अंबानी के घर अंटीलिया केस पर तो पड़ेगा ही और, इस लेटर से महाराष्ट्र में सरकार गिरने का भी खतरा बढ़ गया है। चर्चा है कि यह लेटर कांड के बाद शिवसेना एनसीपी के साथ अपने रिश्तों पर सोचने पर मजबूर हो गई है। वहीं दूसरी तरफ बीजेपी ने शिवसेना के साथ मिलकर महाराष्ट्र में सरकार बनाने की कोशिशें तेज कर दी हैं। गौरतलब है कि जैसे बिहार में, उपमुख्यमंत्री रहे तेजस्वी यादव पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों के बाद महागठबंधन की सरकार खतरे में आ गई थी और जदयू ने राजद से नाता तोड़कर भाजपा से नाता जोड़ लिया और बिहार में एनडीए के गठबंधन की सरकार बनाई थी। ठीक उसी तरह अब महाराष्ट्र में भी ऐसे ही आसार दिख रहे हैं एंव अब गृहमंत्री अनिल देशमुख पर परमबीर सिंह के आरोपों पर हो सकता है कि पिछली जिद्द से हटते हुए बीजेपी शिवसेना का मुख्यमंत्री बना रहने दे और बिहार की तर्ज पर महाराष्ट्र में फिर से शिवसेना के साथ गठबंधन का मन बनाए। परन्तु परमबीर सिंह के लेटर लीक होने के बाद बीजेपी महाराष्ट्र में और भी आक्रामक हो गई है और गृहमंत्री अनिल देशमुख के अविलंब इस्तीफे और उनका नार्को टेस्ट की मांग कर रही है। इस केस का क्या होगा ये तो वक्त आने पर ही पता चलेगा लेकिन तब तक इस केस की आड़ में अवश्य ही कई लोग अपना उल्लू सीधा कर लेगे।