बच्चों को 1-2 नहीं बल्कि 4 टीके लगेगे
कोरोना महामारी का प्रकोप अब धीरे-धीरे खत्म हो रहा है लेकिन तीसरी लहर की पूर्णआशंका है पर उससे पहले जुलाई में बच्चों पर कोवावैक्स का परीक्षण शुरू करने की योजना बनाई जा रही है क्योंकि विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी लहर बच्चों के लिए ज्यादा घातक होने वाली है। बहरहाल सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया द्रारा बच्चों के लिए चार टीके तैयार होने की संभावना माता-पिता के लिए खुशई खबर है। भारत बायोटेक के पास जो दो टीके हैं वह बच्चों पर आजमाए जा रहे हैं जबकि जाइडस कैडिला के टीके के लिए परीक्षण में शुरू से ही बच्चे शामिल थे। इसलिए अगर सब कुछ वैक्सीन निर्माताओं की योजना के अनुसार होता है, तो भारत में बच्चों के लिए चार टीके होंगे। वैसे भारत में कोवैक्सीन का टीका वयस्कों को लगाया जा रहा है। जो लगभग 78 प्रतिशत प्रभावकारी है और ये वैक्सीन 2 से 18 साल के बच्चों पर ट्रायल फेज में है। गौरतलब है कि आने वाली तीसरी लहर से भारत के आम नागरिकों पर एक बार फिर जोर पड़ेगा जिससे लोगों के घर का खर्च फिर ड़गमगाएगा परन्तु हमें एहतियातन कदम अपने जीवन का हिस्सा बनाके रखनें होगे अगर हमें इस लहर को भी हराना हैं तो।
- निधि जैन